यूपी में छात्रवृत्ति को लेकर योगी सरकार के खिलाफ राविश कुमार जायेगे हाईकोर्ट

यूपी में छात्रवृत्ति को लेकर योगी सरकार के खिलाफ राविश कुमार जायेगे हाईकोर्ट 



अगर मेरे व्हाट्स एप में आने वाले मेसेज के हिसाब से कोई अख़बार छपने लगे तो प्रधानमंत्री को अपना भाषण छपवाने के लिए अख़बार को व्हाट्स एप करना होगा। सुबह होते ही परेशान छात्रों का समूह मेसेज भेजने में लग जाता है। इस मेसेज को देखकर मैं डर गया हूँ। मेसेज का कॉपी पोस्ट कर रहा हूँ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी इन्हें जल्दी से छात्रवृत्तियाँ दें और यश कमाएँ। मैं श्रेय नहीं लूँगा।







अहम प्रकरण ध्यान से पढ़ें 


छात्रवृत्ति केवल अब 2 ही रास्ते से मिल सकती है

  1.  NDTV राविश कुमार
  2.  हाईकोर्ट


सभी डीएलएड प्रशिक्षु राविश कुमार  को छात्रवृत्ति घोटाले के लिए अवगत कराऐ और उन्हें बताएं कि कैसे यूपी सरकार ने उन्हें दो साल से छात्रवृत्ति से वंचित करते हुए चला आ रहा है




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1साल 1:50 लाख प्रशिक्षु का बजट कम होने की वजह का कारण बताकर छात्रवृत्ति रोक दिया गया जबकि लाजिक यह है कि जब केन्द्र सरकार बराकर अपने हिस्से का छात्रवृत्ति बजट राज्य सरकार को प्रेषित करा रहा है तो कैसे बजट कम हो जा रहा है। जबकि सबसे बड़ी हैरानी आपको यह जानकर होगी कि सामान्य एवं अनुसूचित जाति विभाग केवल GEN - को लगभग 2% भाग छात्रवृत्ति प्रदान किया और बजट समाप्त होने का हवाला दिया। 








SC-ST  


जिन्हें संविधान के तहत फीस प्रतिपूर्ति का पूरा प्रावधान है अगर बजट भी समाप्त होता है तो सरकार को हर हाल में बजट बढ़ाकर दुबारा उन्हें फीस प्रतिपूर्ति देना होगा लेकिन सरकार ने केवल लगभग 50% प्रशिक्षु को छात्रवृत्ति देकर बजट समाप्त होने का हवाला दे दिया।



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OBC और अल्पसंख्यक विभाग 


 OBC  विभाग कि कहानी किसी जोकर के नाटक की तरह है पहले साल यह नियम बनाया कि जिसका विगत परीक्षा मे 60% से ज्यादा नंबर मिला होगा उसे ही छात्रवृत्ति योजना का लाभ मिलेगा और छात्रवृत्ति प्रदान किया जायेगा लेकिन विभाग ने सभी OBC और अल्पसंख्यक प्रशिक्षु के साथ मजाक किया और किसी के एकाउंट में 1हजार,1500,2000,2500 भेजकर आखरी में बजट समाप्त होने का हवाला दिया। 




2साल  सभी डीएलएड 17 बैच के साथियो का रिजल्ट न आने का कारण बताकर फार्म सस्पेक्ट कर छात्रवृत्ति से वंचित कर दिया गया जबकि रिजल्ट आने के बाद फार्म को सही करवाकर छात्रवृत्ति वितरण किया जा सकता था। 


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सोचने वाली बात यह है कि मनानीय मुख्यमंत्री योगी जी हर साल इतना बड़ा बजट पेश करते हैं छात्रवृत्ति के लिए तो छात्रवृत्ति क्यो नही मिला और विभाग क्यो रोना रो रहा है कि बजट समाप्त है ?










इसमें केवल दो बात साफ है यह तो यूपी सरकार ने बजट नहीं दिया या तो विभाग ने ही सारे बजट डकार गया है लेकिन ऐ बात तो स्पष्ट है कि कहीं न कही छात्रवृत्ति घोटाला किया गया है। बड़े स्तर पर इसलिए इस मुद्दे को बार बार सारा विभाग पल्ला छाड़ रहा है। 



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प्रश्न :- पूरे प्रदेश में और हर जिले में रात-दिन धरना प्रदर्शन किया गया और हजारों ज्ञापन दिया गया विधायक सांसद उपमुख्यमंत्री कैबिनेटमंत्री तक को अवगत कराया गया और प्रत्यक्ष रूप से मुख्यमंत्री जी को अवगत कराया गया तो फिर सभी नेता इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया क्यो नही दे रहे हैं शांत क्यो ?





इस लिऐ भाइयो अगर शांत रहकर छात्रवृत्ति लेना है तो भूल जाओ कि छात्रवृत्ति मिलेगा भी क्योंकि सरकार खुद ही आपका हक (मतलब छात्रवृत्ति घोटाला) करके बैठी है और वो तो नहीं सुनेगी। 





इसलिऐ कृपया करके इस मेसेज को आप सभी NDTV रवीश कुमार जी को वाट्सएप पर प्रेषित करें जिससे इस मुद्दे को जानकर रवीश जी द्वारा उठाया जा सके क्योंकि केवल वही व्यक्ति ही हमारा सहयोग कर सकते हैं 

दूसरा रास्ता :- 



जल्द ही छात्रवृत्ति सम्बन्धित सभी दास्तावेज एकत्रित करके हाईकोर्ट की शरण लूंगा। 









ज्यादा से ज्यादा शेयर :- जिससे सभी प्रशिक्षु भाइयों तक सरकार कि सच्चाई सामने आ सके


रजत सिंह (प्रदेश अध्यक्ष)
डी०एल०एड०
965132


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